थीम “नशा मुक्त समाज के लिए युवा” पर विशेष सात दिवसीय एनएसएस शिविर का भव्य शुभारंभ 18 जनवरी से
संवाददाता – आशीष श्रीवास, मरवाही
वीरांगना रानी दुर्गावती शासकीय महाविद्यालय मरवाही, जिला जीपीएम एवं पीएम श्री स्वामी आत्मानंद शासकीय उत्कृष्ट विद्यालय मरवाही के संयुक्त तत्वाधान में राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) इकाई द्वारा ग्राम पंचायत बंशीताल में विशेष सात दिवसीय शिविर का आयोजन 18 जनवरी 2026 से 24 जनवरी 2026 तक किया जा रहा है। इस विशेष शिविर की थीम “नशा मुक्त समाज के लिए युवा” रखी गई है, जिसका उद्देश्य युवाओं को नशा मुक्त भारत के निर्माण हेतु प्रेरित करना तथा ग्राम स्तर पर सामाजिक जागरूकता का व्यापक अभियान चलाना है।

इस विशेष शिविर का शुभारंभ 18 जनवरी को ग्राम पंचायत बंशीताल में किया जाएगा, जिसमें महाविद्यालय एवं विद्यालय के समस्त एनएसएस स्वयंसेवक सहभागिता करेंगे। शिविर के दौरान स्वयंसेवकों द्वारा गांव में नशा मुक्ति अभियान, स्वच्छता पखवाड़ा, साइबर पाठशाला, श्रमदान एवं निर्माण कार्य, विभिन्न शासकीय योजनाओं का उन्मुखीकरण, जन-जागरूकता रैली, नुक्कड़ नाटक, संगोष्ठी, परिचर्चा एवं प्रेरणादायी कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा।
शिविर का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण जनों को नशे के दुष्प्रभावों से अवगत कराते हुए नशा मुक्त जीवन शैली अपनाने के लिए प्रेरित करना, स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ाना, डिजिटल साक्षरता को बढ़ावा देना तथा शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी गांव के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना है। इसके साथ ही गांव में सामाजिक समरसता, आपसी सहयोग और एकता की भावना को मजबूत करना भी इस शिविर का प्रमुख लक्ष्य है।
एनएसएस स्वयंसेवक गांव के हर मोहल्ले और टोले में जाकर जनसंपर्क करेंगे, घर-घर संवाद के माध्यम से लोगों को नशा छोड़ने के लिए प्रेरित करेंगे, स्वच्छता अभियान चलाएंगे तथा युवाओं और बच्चों को साइबर सुरक्षा की जानकारी देंगे। नुक्कड़ नाटक एवं रैली के माध्यम से नशा मुक्ति, स्वच्छता और सामाजिक जागरूकता का संदेश प्रभावी ढंग से प्रसारित किया जाएगा।
इस सात दिवसीय विशेष शिविर के माध्यम से ग्राम पंचायत बंशीताल को स्वच्छ, सुंदर, नशा मुक्त और खुशहाल बनाने का संकल्प लिया जाएगा। महाविद्यालय एवं विद्यालय के स्वयंसेवक ग्रामवासियों के साथ मिलकर श्रमदान करेंगे तथा गांव के विकास को नई दिशा देने का हर संभव प्रयास करेंगे।
आयोजकों ने ग्रामवासियों से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में इस शिविर में सहभागी बनें और एनएसएस स्वयंसेवकों के साथ मिलकर गांव को विकसित एवं आदर्श ग्राम की श्रेणी में लाने में अपना योगदान दें।







